October 21, 2021
Breaking News

राजिम कुंभ कल्प मेले में आज से शुरू होगा संत समागम,ढाई लाख दीये से होगी रोशनी

राजिम कुंभ कल्प मेले में आज से शुरू होगा संत समागम,ढाई लाख दीये से होगी रोशनी

राजिम कुंभ : ढाई लाख दीयों और 1500 शंखों से शुरू होगा मेलाछत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में लगने वाले राजिम कुंभ कल्प मेले में बुधवार से संत समागम शुरू हो रहा है. संत समागम शुरू होने के साथ राजिम कुंभ कल्प मेले का नाम इतिहास के पन्नों में दर्ज हो जाएगा. छतीसगढ़ धर्मस्व विभाग ने राजिम कुंभ कल्प मेले में एक साथ ढ़ाई लाख दीपक जलाने का कीर्तिमान स्थापित करने की योजना बनाई है. इतने सारे दीपक एक साथ जलाना अपने आप में एक विश्व रिकार्ड होगा.इस बार मेले में 1500 शंखनाद और ढाई लाख प्रज्ज्वलित दीप आकर्षण का केन्द्र रहेगा।भगवान राजीव लोचन की तीर्थस्थली में सैकड़ों साल से माघ पूर्णिमा पर राजिम मेला लगता आ रहा है। प्रदेश के कद्दावर धर्मस्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने राजिम मेले को 2005 में भव्य रूप से आयोजित करने का निर्णय लिया। मात्र 13 सालों में ही राजिम मेला राजिम कुंभ के नाम से प्रसिद्ध हो चुका है। राज्य बनने के बाद 2005 में मेले को राजिम कुंभ का नाम दिया गया था/राजिम के परम्परागत पून्नी मेले की गरिमा और बढ़ गई है। धार्मिक एवं सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण छत्तीसगढ़ की प्रसिद्ध तीर्थ नगरी राजिम के कुंभ क्षेत्र को व्यापक कार्य योजना बनाकर विकसित किया जा रहा है /

इस साल यह 31 जनवरी माघ पूर्णिमा से महाशिवरात्री  13 फरवरी तक चलेगा. इस मेले में कई सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन होता है. इस वर्ष राजिम कुंभ कई मायने में बेहद खास रहने वाला है. राजिम कुंभ का यह 13वां आयोजन है और इसे खास बनाने की तैयारियां सरकार की ओर से जारी हैं.विदित हो कि छत्तीसगढ़ में राजिम की मान्यता प्रयागराज इलाहाबाद की तरह है। यहा संगम में अस्थि विसर्जन, पिंडदान आदि कर्मकांड कराये जाते है। मेरा मानना है कि साधु-संत एक एम्बेसडर की तरह होते है। उनके माध्यम से दुनियां ऐसे धर्मिक स्थलों के महत्व को जान पाती है। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ को धर्मिक पर्यटन के नक़्शे में उभारना, सांस्कृतिक विकास आदि सब बातों को लेकर मेरे हृदय में जो विचार पिछले कई वर्षों से चल रहे थे उसके फलित होने का अवसर मुझे मिला था । यह विचार था सदियों से त्रिवेणी संगम राजिम में होते आ रहे वार्षिक राजिम मेले को उसकी धार्मिक मान्यताओं के अनुसार बेहतर व्यवस्था और भव्य स्वरूप के साथ प्रस्तुत करने का प्रयास किया जाए।

दीप प्रज्वलन के बाद महोत्सव स्थल से जगतगुरु शंकराचार्य स्वरूपानंद महाराज द्वारा मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की उपस्थिति में संत समागम का शुभारंभ किया जाएगा.ये संत समागम 7 दिनों तक 13 फरवरी महाशिवरात्रि तक चलेगा. प्रभारी मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने 5 हजार से ज्यादा साधु-संतो के राजिम कुंभ कल्प मेले के संत समागम में पहुंचने की उम्मीद जताई है

पांचवें कुंभ कल्प के रूप में प्रसिद्ध 

माघ पूर्णिमा से लेकर महाशिवरात्रि तक लगने वाला कुंभ भारत के पांचवें कुम्भ कल्प मेला के रूप में प्रसिद्ध हो चुका है। कुंभ मेले में उज्जैन, हरिद्वार, अयोध्या, प्रयाग, ऋषिकेश, द्वारिका, कपूरथला, दिल्ली, मुंबई जैसे धार्मिक स्थलों के साथ देश के प्रमुख धार्मिक सम्प्रदायों के अखाड़ों के महंत, साधु-संत, महात्मा और धर्माचार्यों का आगमन होता है।धर्मस्व सचिव बोरा ने कहा कि धर्म एवं आस्था के प्रतीक राजिम कुंभ में हर साल हजारों श्रद्धालु आते है , इनकी सुरक्षा एवं सुविधा को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी तैयारियां की जाए। उन्होंने कहा कि राजिम कुंभ के कारण आज छत्तीसगढ़ की विश्वव्यापी पहचान बनी है।Image result for राजिम कुंभ कल्प मेले में आज से शुरू होगा संत समागम

विधानसभा अध्यक्ष गौरी शंकर अग्रवाल शुभारंभ समारोह के मुख्य अतिथि होंगे। कुंभ कल्प में 7 से 13 फरवरी तक विराट संत समागम होगा। राजिम कुंभ (कल्प) मेले में 31 जनवरी से 13 फरवरी तक मुख्य मंच राजिम में प्रदेश एवं राष्ट्र स्तर के कलाकारों की गरिमामय एवं रोचक कार्यक्रमों की प्रस्तुति प्रतिदिन शाम 6 बजे से होगी।मेले के शुभारंभ समारोह में आचार्य महामंडलेश्वर अग्नि पीठाधीश्वर रामकृष्णानंद महाराज अमरकंटक, महामण्डलेश्वर प्रेमानंद महाराज सन्यास आश्रम मुंबई, महंत साध्वी प्रज्ञा भारती संरक्षक-वेदरतन सेवा प्रकल्प जबलपुर, बालयोगेश्वर राम बालकदास महराज डौंडीलोहारा, संत ज्ञानस्वरूपानंद अक्रिय महाराज जोधपुर, आचार्य महंत जालेश्वर जी महराज अयोध्या, ब्रम्हचारी इंदूभवानंद महराज शंकराचार्य आश्रम रायपुर, संत युधिष्ठिर लाल महाराज, शदाणी दरबार रायपुर, संत गोवर्धनशरण महराज सिरकट्टी आश्रम और सेम वर्मा बालाजीपुरम बैतूल की उपस्थिति रहेगी।धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल शुभारंभ समारोह की अध्यक्षता करेंगे। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि पर्यटन और संस्कृति मंत्री दयालदास बघेल, स्वास्थ्य मंत्री अजय चंद्राकर, खाद्य मंत्री पुन्नूलाल मोहले, महिला एवं बाल विकास मंत्री रमशीला साहू, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के अध्यक्ष संतोष बाफना, राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष चंद्रशेखर साहू, अपैक्स बैंक अध्यक्ष अशोक बजाज, संसदीय सचिव तोखन साहू और गोवर्धन मांझी, सांसद चंदूलाल साहू, राजीव लोचन मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत रामसुंदरदास, विधायक धनेन्द्र साहू, संतोष उपाध्याय, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के उपाध्यक्ष केदारनाथ गुप्ता और पूर्व मंत्री अमितेष शुक्ल होंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *