आदिवासी अस्मिता पर कांग्रेस का घिनौना प्रहार – बर्दाश्त नहीं – सर्व आदिवासी समाज,

छत्तीसगढ़बिलासपुर जिले के लिंगयाडीह गांव में आयोजित राजनीतिक सभा में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी एवं उनकी धर्मपत्नी स्मति कौशल्या साय जी पर मंच से की गई अशोभनीय, अमर्यादित एवं निंदनीय टिप्पणी पूरे आदिवासी समाज के स्वाभिमान पर अभूतपूर्व हमला है। यह नग्न राजनीतिक षड्यंत्र मात्र नहीं, बल्कि आदिवासी अस्मिता को अपमानित करने की कुटिल चाल है, जो कांग्रेस की कुटिल एवं आदिवासी-विरोधी मानसिकता का परिचायक है।छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा आदिवासी बंधुओं के सशक्तिकरण हेतु शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सुरक्षा एवं मुख्यधारा से जोड़ने के अभूतपूर्व कार्यों से उपजी सफलता असह्य हो चुकी है। वनबंधु कल्याण योजना, पोषण आहार, छात्रावासों का विस्तार, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में विकास गतिविधियाँ एवं POSCO प्रकरण में न्याय – इन ठोस उपलब्धियों से घुँघरू बाँधे नाचने वाले भूपेश बघेल की नींद उड़ी हुई है। हताशा में उतर आई इस ओछी भाषा से सिद्ध होता है कि कांग्रेस का आदिवासी प्रेम महज चुनावी ढोंग रहा।सर्व आदिवासी समाज इस घृणित आचरण का तीखा एवं पुरजोर विरोध करता है। हम स्पष्ट चेतावनी देते हैं:

• भूपेश बघेल तत्काल सार्वजनिक रूप से पूरे आदिवासी समाज, माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी एवं स्मति कौशल्या साय जी से बिना शर्त माफी माँगें। • ऐसी घटिया राजनीति का दोहराव होने पर जन-आंदोलन का सामना निश्चित होगा। • आदिवासी स्वाभिमान से किसी प्रकार का समझौता अस्वीकार्य है।आदिवासी अस्मिता अटल है! जय आदिवासी! जय छत्तीसगढ़!सर्व आदिवासी समाजछत्तीसगढ़

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *